November 2017

ससुराल चाहे बहु उसके रंग में रंग जाए,
मायका चाहे उसी के रंग में रंगी रहे।
मां बाप बच्चे को अपना रंग देना चाहे,
पर हर बच्चा अपना रंग खुद बनाना चाहे।
मानव की है प्रवृति एक रंग में रंगने कि,
पर प्रकृति का है कहना, विविधता है सुन्दरता।


मास्टर को ही दोष देता रहा, गलती कबूल करना नहीं सीखा,

स्कूल में जो सीख नहीं पाया, सालों की नौकरी में यही सीखा।


ऑफिस की दीवारों के बीच कोई दोस्त नहीं होता,

मौकापरस्त लोगों की भीड़ है, कोई उलूस नहीं होता।


काम निकालने को लोग बहुत मशक्कत करते हैं।

बुद्धि, ब्यूटी, बदजुबानी, तो कोई बटर भी लगाते हैं ।


सच है मैं वहां नहीं पहुंचा, जहां मैं खुद को भूल जाउँ,

बस यही सच मेरा हौसला है, ताकत है, और बंदगी है।


गाड़ी का हार्न जोरदार हो तभी दमदार लगती है,

चाहे गाड़ी की मोबिल सूखी हो चक्का घिसा हो।


वो कत्ल करते हैं मेरा, फिर वही अफसोस भी जताते हैं,

ऐसी महीन कला है, सब दीख के भी कुछ नहीं दीखता।


सफर है कई लोग मिलते हैं बिछड़ते हैं,

कुछ सीख भी साथ भी देते हैं, कुछ सीखा कर निकल लेते हैं।


अपने सपनों का पीछा करें, पैसे शायद नहीं बनें, पर आप कभी गरीब ना होंगे।

दुसरों के सपनों का पीछा करें, पैसे बनेंगे, पर आप कभी अमीर ना होंगे।


चाहकर भी एक साथ हंस और मुस्कुरा नहीं सका,

दुनियादारी में है माहिर उन्हीं के पास है ये सलीका।


लोग CAT और GMAT पास कर जाते हैं,

लेकिन अपने बॉस के लिए बकलोल ही रहते हैं।


मैं अच्छा वकील नहीं हूँ,

मेरे बच्चे भी मुझे यूँ दोषी ठहरा देते हैं

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